है प्यार भी खफा खफा
इकरार भी हुआ दफा
वक्त के सारे अफसाने है
हम अब भी तेरे दीवाने है
अर्सा हुआ तुमको मनाते
आखिर कोई बात बताते
खफा होने के कोई माने हैं
हम अब भी तेरी दीवाने हैं
कई बार तुम्हें बताया था
लाख मजबूरी बताया था
फिर आप क्यों रूठ गये
लो गये गये हम गये गये
अभी थोड़ा सा झमेला है
काम का ही रेलम पेला है
आडिट भी अब आया है
सिर भी मेरा चकराया है
तुम मुझको तो माफ करो
अपने मन को साफ करो
समय के ये बस तराने हैं
हम अब भी तेरे दीवाने हैं
शरद कुमार श्रीवास्तव
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